सीएम की मौजूदगी में प्रतिभाओं का होगा सम्मान] ओडिशा समेत प्रदेशभर से जुटेंगे कोलता समाज के लोग
नुआखाई समारोह में शिक्षा-खेल और सामाजिक सेवा की प्रतिभाएं होंगी सम्मानित
रायगढ़। रायगढ़ में इस बार कोलता समाज का नुआखाई भेंटघाट समारोह भव्य स्वरूप में आयोजित होने जा रहा है। 15 अक्टूबर को होने वाले इस आयोजन में छत्तीसगढ़ के विभिन्न जिलों के साथ ओडिशा से भी समाज के लोग शामिल होंगे। खास बात यह है कि समारोह में मुख्यमंत्री के शामिल होने की सहमति भी मिल चुकी है। कार्यक्रम के दौरान शिक्षा, खेल और सामाजिक सेवा के क्षेत्र में उत्कृष्ट कार्य करने वाली प्रतिभाओं को सम्मानित किया जाएगा। आयोजन की तैयारियों और रूपरेखा की जानकारी देने के लिए मंगलवार को कोलता समाज संभागीय सभा रायगढ़ की ओर से पत्रकार वार्ता आयोजित की गई।
कोलता समाज संभागीय सभा रायगढ़ द्वारा 15 अक्टूबर को रायगढ़ मुख्यालय में नुआखाई भेंटघाट और प्रतिभा सम्मान समारोह का आयोजन किया जाएगा। समारोह में प्रदेशभर से समाज के पदाधिकारियों और सामाजिक बंधुओं के साथ ओडिशा से भी बड़ी संख्या में समाजजन शामिल होंगे। समाज की ओर से आयोजित पत्रकार वार्ता में पदाधिकारियों ने कार्यक्रम की विस्तृत रूपरेखा की जानकारी दी। संभागीय अध्यक्ष ने बताया कि इस वर्ष नुआखाई भेंटघाट को भव्य स्वरूप देने की तैयारी की जा रही है। समारोह में मुख्यमंत्री के बतौर मुख्य अतिथि शामिल होने की सहमति मिल चुकी है। कार्यक्रम में समाज की प्रतिभाओं को सम्मानित करने के साथ सामाजिक एकजुटता, संस्कृति और परंपराओं को आगे बढ़ाने का संदेश दिया जाएगा। समारोह में शिक्षा, खेल और सामाजिक सेवा के क्षेत्र में उत्कृष्ट कार्य करने वाले प्रतिभावान समाजजनों को मुख्यमंत्री द्वारा सम्मानित किए जाने की बात कही गई। पदाधिकारियों ने कहा कि ऐसे सम्मान से समाज की प्रतिभाओं को प्रोत्साहन मिलेगा और युवा वर्ग को बेहतर कार्य करने की प्रेरणा मिलेगी। समाज के पदाधिकारियों ने बताया कि नुआखाई कोलता समाज की महत्वपूर्ण परंपरा और सांस्कृतिक पहचान से जुड़ा पर्व है। आयोजन में समाज की परंपराओं और उड़िया संस्कृति की झलक देखने को मिलेगी। उन्होंने कहा कि समाज हमेशा अपनी संस्कृति और परंपराओं को संरक्षित रखने के साथ नई पीढ़ी को इससे जोड़ने का प्रयास करता रहा है। पदाधिकारियों ने बताया कि नशामुक्ति समाज की प्राथमिकताओं में शामिल है। कोलता समाज शांतिप्रिय समाज है और सामाजिक अपराधों को रोकने के लिए लगातार जागरूकता का प्रयास किया जाता है। समाज की एकजुटता और सामाजिक अनुशासन को इसकी प्रमुख विशेषता बताया गया।
