सुप्रीम कोर्ट के फैसले के अनुपालन में स्कूल शिक्षा विभाग ने शुरू की तैयारी; निजी तकनीकी कंपनी कराएगी कंप्यूटर आधारित परीक्षा, सफल शिक्षकों को SCERT जारी करेगा प्रमाण पत्र।
Highlights
- छत्तीसगढ़ के सरकारी स्कूलों में कार्यरत गैर-TET शिक्षकों के लिए विशेष परीक्षा आयोजित होगी।
- दिसंबर 2026 और जनवरी 2027 में परीक्षा प्रस्तावित है।
- नौकरी में बने रहने और भविष्य में पदोन्नति के लिए TET उत्तीर्ण करना जरूरी होगा।
- कक्षा पहली से आठवीं तक पढ़ाने वाले ऐसे शिक्षक, जिनकी सेवा में पांच साल या उससे अधिक समय शेष है, परीक्षा के दायरे में आएंगे।
- परीक्षा निजी तकनीकी सेवा प्रदाता कंपनी के माध्यम से CBT मोड में आयोजित होगी।
- सफल शिक्षकों को SCERT रायपुर की ओर से प्रमाण पत्र जारी किया जाएगा।
रायपुर। छत्तीसगढ़ के सरकारी स्कूलों में पढ़ा रहे गैर-TET शिक्षकों के लिए आने वाले दो महीने काफी महत्वपूर्ण होने वाले हैं। अब नौकरी में बने रहने और भविष्य में पदोन्नति पाने के लिए शिक्षक पात्रता परीक्षा यानी TET उत्तीर्ण करना जरूरी होगा। सुप्रीम कोर्ट के फैसले के अनुपालन में स्कूल शिक्षा विभाग ने सेवारत शिक्षकों के लिए विशेष TET परीक्षा आयोजित करने की तैयारी शुरू कर दी है। यह परीक्षा दिसंबर 2026 और जनवरी 2027 में प्रस्तावित है।
इस विशेष परीक्षा का उद्देश्य उन शिक्षकों को पात्रता हासिल करने का अवसर देना है, जो वर्तमान में कक्षा पहली से आठवीं तक अध्यापन कर रहे हैं, लेकिन अभी तक TET उत्तीर्ण नहीं कर पाए हैं।
निजी कंपनी कराएगी कंप्यूटर आधारित परीक्षा
इस विशेष TET परीक्षा की सबसे खास बात यह है कि इसका आयोजन नियमित TET परीक्षा से अलग तरीके से किया जाएगा। परीक्षा के लिए निजी तकनीकी सेवा प्रदाता कंपनी की मदद ली जाएगी और इसे कंप्यूटर आधारित प्रणाली यानी CBT मोड में आयोजित किया जाएगा।
विभागीय निर्देश के अनुसार, कक्षा पहली से आठवीं तक अध्यापन कर रहे ऐसे शासकीय शिक्षक, जिनकी सेवा अवधि पांच वर्ष या उससे अधिक शेष है और जिन्होंने अभी तक TET उत्तीर्ण नहीं की है, उन्हें संबंधित स्तर की पात्रता परीक्षा पास करनी होगी।
शिक्षकों को पात्रता हासिल करने के पर्याप्त अवसर मिल सकें, इसके लिए राज्य सरकार प्रतिवर्ष कम से कम दो बार विशेष परीक्षा आयोजित करेगी।
नियमित TET परीक्षा से अलग होगी व्यवस्था
विशेष TET परीक्षा का आयोजन छत्तीसगढ़ कर्मचारी चयन मंडल (CGESB) के माध्यम से आयोजित होने वाली सामान्य परीक्षाओं से अलग किया जाएगा। इसके लिए निजी तकनीकी सेवा प्रदाता कंपनी की सहायता ली जाएगी।
परीक्षा कंप्यूटर आधारित होगी और जरूरत के अनुसार इसे एक से अधिक पालियों में भी आयोजित किया जा सकेगा। सभी पालियों में प्रश्नपत्रों का कठिनाई स्तर समान रखने के निर्देश दिए गए हैं, ताकि किसी भी पाली में परीक्षा देने वाले अभ्यर्थियों के साथ असमानता न हो।
विभाग ने परीक्षा प्रक्रिया को पारदर्शी और निष्पक्ष बनाए रखने के निर्देश भी दिए हैं।
SCERT रायपुर जारी करेगा प्रमाण पत्र
विशेष TET परीक्षा में सफल होने वाले शिक्षकों को राज्य शैक्षिक अनुसंधान एवं प्रशिक्षण परिषद यानी SCERT रायपुर की ओर से प्रमाण पत्र जारी किया जाएगा।
इसके लिए स्कूल शिक्षा विभाग ने संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि SCERT से प्राप्त परीक्षा पाठ्यक्रम की जानकारी सभी गैर-TET शिक्षकों तक पहुंचाई जाए।
दिसंबर-जनवरी में प्रस्तावित परीक्षा को देखते हुए शिक्षकों को समय रहते पाठ्यक्रम उपलब्ध कराने की प्रक्रिया शुरू की जा रही है, ताकि वे परीक्षा की तैयारी कर सकें।
गैर-TET शिक्षकों के लिए महत्वपूर्ण होने वाली है परीक्षा
सुप्रीम कोर्ट के फैसले के अनुपालन में आयोजित होने वाली यह विशेष परीक्षा प्रदेश के सरकारी स्कूलों में कार्यरत गैर-TET शिक्षकों के लिए अहम मानी जा रही है। नौकरी में बने रहने और भविष्य में पदोन्नति की संभावनाओं को देखते हुए संबंधित शिक्षकों को अब TET उत्तीर्ण करने की तैयारी करनी होगी।












Leave a Reply